एक नजर पूरी खबर

  • मीलस्टोन की उपलब्धी की घोषणा उनके महामहिम शिख मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम, यूएई के उपराष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और शासक ने की थी।
  • पॉवर प्लांट परिचलन की यूनिट 1 के साथ यूएई अपनी स्थायी उर्जा जरुरतों को पूरा करने के लिए परमाणू ऊर्जा का उपयोग करने वाला पहला अरब देश होगा।
  • एक बार चार रिएक्टर ऑनलाइन हो जाने के बाद, यह सुविधा देश की बिजली का लगभग 25 प्रतिशत प्रदान करेगी और 21 मिलियन टन तक कार्बन उत्सर्जन से मुक्ति देगी जो कि बिजली उत्पादन के लिए जीवाशम ईंधन जलाकर उत्पन्न होगी।

संयुक्त अरब अमिरात में अबू धाबी में बाराकाह परमाणु ऊर्जा स्टेशनों पर अरब दुनिया में पहले शांतिपूर्ण परमाणु ऊर्जा रिएक्टर के सफल संचालन की घोषणा की है। मीलस्टोन की उपलब्धी की घोषणा उनके महामहिम शिख मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम, यूएई के उपराष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और शासक ने की थी।

पॉवर प्लांट परिचलन की यूनिट 1 के साथ यूएई अपनी स्थायी उर्जा जरुरतों को पूरा करने के लिए परमाणू ऊर्जा का उपयोग करने वाला पहला अरब देश होगा। शेख मोहम्मद ने देश की उपलब्धी की सराहना करते हुए कहा कि दुनिया के लिए क संदेश है कि अरब अपने वैज्ञानिक रास्ते को फिर से शुरु करने में सक्षम है और बाकी महान देशों के साथ प्रतिस्पर्धा करते हैं।

एमिरेट्स न्यूक्लियर एनर्जी कॉर्पोरेशन (ENEC) ने बराकाह परमाणु ऊर्जा संयंत्र 2018 की यूनिट 1 का निर्माण पूरा कर लिया है। यूनिट 2 का निर्माण पिछले साल पूरा हो गया था और FANR ने इस वर्ष के फरवरी में 60 साल का परिचालन लाइसेंस जारी किया है। मार्च की शुरुआत में ईंधन लोडिंग पूरी हो गई थी। बता दें कि यूनिट 3 और 4 का निर्माण लगभग 92 प्रतिशत और 85 प्रतिशत पूर्ण है। एक बार चार रिएक्टर ऑनलाइन हो जाने के बाद, यह सुविधा देश की बिजली का लगभग 25 प्रतिशत प्रदान करेगी और 21 मिलियन टन तक कार्बन उत्सर्जन से मुक्ति देगी जो कि बिजली उत्पादन के लिए जीवाशम ईंधन जलाकर उत्पन्न होगी।

यूएई ने पिछले एक दशक में परमाणु ऊर्जा के बुनियादी ढ़ांचे, कानूनी, नियामक प्रणाली, परमाणु सुरक्षा, आपातकालीन तैयारियों और अप्रसार से विभिन्न पहलुओं का आंकलन करने के लिए IAEA से 11 प्रमुख सहकर्मी मिशन प्राप्त किए हैं। ऐसे अभियानों ने यूएई के शांतिपूर्ण कार्यक्रम को सुनिश्चित करने के प्रयासों की सराहना की।

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